राजधानी पटना में महागठबंधन के नेताओं की साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बिहार विधानसभा चुनाव के लिए सीएम पद का चेहरा तेजस्वी यादव और डिप्टी सीएम का चेहरा मुकेश सहनी को घोषित किया। इसके अलावा ये संकेत भी दिया गया है कि अगर महागठबंधन चुनाव जीतता है, तो एक से अधिक उप मुख्यमंत्री हो सकते हैं।
तेजस्वी यादव होंगे मुख्यमंत्री का चेहरा, क्या वजह?
अशोक गहलोत ने कहा, ” हमने सबकी राय लेकर तय किया है कि इस चुनाव में अगले मुख्यमंत्री चेहरे के रूप में तेजस्वी यादव जी को चुनते हैं। ये एक नौजवान हैं। लंबा फ्यूचर है इनके साथ। मैं अपने अनुभव के साथ कह रहा हूं कि जिसके पास लंबा फ्यूचर होता है, पब्लिक भी उसका साथ देती है।”
डिप्टी सीएम होंगे मुकेश सहनी
डिप्टी सीएम पद के चेहरे की भी घोषणा की गई। अशोक गहलोत ने कहा- “सबकी राय बनी है कि हमारे जो अन्य पिछड़ा वर्ग के साथी हैं, मुकेश सहनी जी। वो संघर्ष करते हुए यहां पहुंचे हैं। अपनी पार्टी बनाई है। ऐसे नौजवान का हमने तय किया है कि वो उपमुख्यमंत्री का चेहरा होंगे।”
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एक से अधिक डिप्टी सीएम भी हो सकते
इसके साथ ही अशोक गहलोत ने ऐसा इशारा कर दिया कि चुनाव जीतने के बाद और भी उप मुख्यमंत्री बनाए जा सकते हैं। गहलोत ने कहा- “आपके यहां और भी कई पिछड़े समाज हैं। उनमें से भी कुछ उपमुख्यमंत्री बनाए जाएंगे।“
तेजस्वी यादव ने अपने नाम की घोषणा किए जाने के बाद कहा- हम महागठबंधन के लोग केवल सरकार बनाने के लिए ही नहीं, मुख्यमंत्री बनने के लिए ही नहीं, बल्कि हमें बिहार बनाना है, इसलिए एकजुट हुए हैं। इसके अलावा तेजस्वी यादव ने एनडीए से सवाल किया कि आखिर क्या कारण है कि इस बार भाजपा नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री के चेहरे के तौर पर घोषित नहीं कर रही है।
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जानिए मुकेश सहनी की राजनीतिक यात्रा
बॉलीवुड स्टेज डिजाइनर रहे मकेश सहनी निषाद जाति से संबंध रखते हैं। उन्होंने साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा के लिए प्रचार-प्रसार किया था। लेकिन, बाद में ये कहते हुए पार्टी छोड़ दी कि भाजपा ने उनके समाज को एससी केटेगरी में लाने के लिए जो वादा किया, वो पूरा नहीं किया।
इसके बाद साल 2018 में उन्होंने विकासशील इंसान पार्टी (VIP) बनाई। मकेश सहनी ने वीआईपी पार्टी के तहत महागठबंधन के साथ साल 2019 का लोकसभा का चुनाव लड़ा। लेकिन, वीआईपी एक भी सीट जीतने में असमर्थ रही। इसके बाद मुकेश सहनी ने एक बार फिर पाला बदला और एनडीए के साथ मिलकर साल 2020 का बिहार विधानसभा चुनाव लड़ा और 4 सीटें जीत लीं।







